The Start Of The End
For the past couple of months, I've been obsessed with the idea that the world is coming to an end. At least the world as we know it is coming to an end. I've been mulling over the words of famous saints and their predictions about the world. Moreover, I've been in touch with some sages who have confirmed that the world's coming to an end within the next 18 years.
Saints that have predicted the End
- The first and one of the most famous Indian saints is Surdas. He famously said the following lines:
"रे मन धीरज क्यों न धरे ।
एक सहस्त्र नौ सौ के ऊपर ऐसो योग परे ।
शुक्ल जयनाम संवत्सर, छट सोमवार परे ।
हलधर पूत पवार घर उपजे, देहरी छत्र धरे ।
मलेच्छ राज्य की सगरी सेना, आप ही आप मरे ।
सूर सबहि अनहोनी होइहै, जग में अकाल परे ।
हिंदू मुगल तुरक सब नाशै, कीट पतंग जरे ।
सौ पे शुन्न (शून्य) के भीतर, आगे योग परे ।
मेघनाद रावण का बेटा, सो पुनि जन्म धरे ।
पूरब पश्चिम उत्तर दक्षिण, चहुँ दिशि काल फिरे ।
अकाल मृत्यु जग माहीं ब्यापै, परजा बहुत मरे ।
दुष्ट दुष्ट को ऐसा काटे, जैसे कीट जरे ।
एक सहस्त्र नौ सौ के ऊपर, ऐसा योग परे ।
सहस्त्र वर्ष लों सतयुग बीते, धर्म की बेल बढ़े ।
स्वर्ण फूल पृथ्वी पर फूले, पुनि जग दशा फिरे ।
सूरदास यह हरि की लीला, टारे नाहिं टरे ।
संवत दो हजार के ऊपर छप्पन वर्ष चढ़े ।
माघ मास संवत्सर व्यापे, सावन ग्रहण परे ।
उड़ि विमान अम्बर में जावे, गृह गृह युद्ध करे ।
मारूत विष फेंके जग माहिं, परजा बहुत मरे ।
द्वादस कोस शिखा हो जाकी, कंठ सूं तेज भरे ।
सूरदास होनी सो होई, काहे को सोच करे ।
संवत दो हजार के ऊपर छप्पन वर्ष चढ़े ।
पूरब पश्चिम उत्तर दक्षिण, चहुं दिस काल फिरे ।
अकाल मृत्यु जग माहिं व्यापै, परजा बहुत मरे ।
सहस्त्र वर्ष लगि सतयुग व्यापै, सुख की दशा फिरे ।
स्वर्ण फूल बन पृथ्वी फूले, धर्म की बेल बढ़े ।
काल ब्याल से वही बचे, जो गुरु का ध्यान धरे ।
सूरदास हरि की यह लीला, टारे नाहिं टरे ।"
If you'll read through the words of Surdas you'll see that many of the predicted things (in bold) are coming out to true.
- The म्लेच्छ or the Muslim countries are killing each other.
- विमान or airplanes are in the skies and bringing war to every house.
काल ब्याल से वही बचे, जो गुरु का ध्यान धरे ।
Meaning only those who will think of their guru will be spared! The Guru can be your teacher or God.
+91-8085511940




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